‘स्वास्थ्य योजनाओं के प्रचार-प्रसार पर रहेगा फोकस’, पदोन्नति पर बोले-डॉ. G.P. गुप्ता
डॉ. गुप्ता को विभाग से जुड़े अफसरों, कर्मचारियों, शुभचिंतकों ने दी बधाई
Lucknow: उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य विभाग में तैनात 9 वरिष्ठ चिकित्साधिकारियों की निदेशक पद पर पदोन्नति की गई है। इसमें लखनऊ मंडल के अपर निदेशक (A.D.) डॉ. G.P. गुप्ता का भी नाम शामिल है, जिनका प्रमोशन किया गया है। विभाग की ओर से इसका शासनादेश जारी किया गया है। डॉ. गुप्ता को विभाग से जुड़े अफसरों, कर्मचारियों, शुभचिंतकों ने बधाई दी है।
प्रमोशन मेरे लिए बहुत खुशी और गर्व दोनों की बात

प्रमोशन पर INDINEWSLINE के विशेष संवाददाता मुकेश कुमार से करते हुए डॉ. G.P. गुप्ता ने सभी के प्रति आभार जताया है। उन्होंने कहा कि यह मेरे लिए बहुत खुशी और गर्व दोनों की बात है। सरकार ने जो जिम्मेदारी सौंपी है, उसके लिए बहुत- बहुत धन्यवाद। हालांकि, उन्हें अभी किसी अस्पताल में तैनाती नहीं मिली है। जल्द ही तैनाती भी मिल जाएगी। इस पर उन्होंने कहा कि पद बढ़ने के साथ-साथ जिम्मेदारियां भी बढ़ जाती है। काम करने वालों को कहीं भी जगह मिले, फर्क नहीं पड़ता।
पहले से और ज्यादा करनी होगी मेहनत

उन्होंने यह भी कहा कि पहले से और ज्यादा मेहनत करनी होगी। मरीजों को समय पर बेहतर इलाज मिले, यह भी बहुत जरूरी है। डॉ. गुप्ता ने बताया कि वर्तमान सरकार ने जो जिम्मेदारी दी है, उस पर खरा उतरने की कोशिश करूंगा। उन्होंने कहा कि अफसरों, डॉक्टरों और कर्मचारियों के बीच समन्वय स्थापित करूंगा। उन्होंने कहा कि मुझे अपने काम से ही पहचान मिली है, जिसको मैं सदैव करता रहूंगा।
मरीजों को बेहतर इलाज, दवाएं, जांचे आदि के लिए करता रहूंगा प्रयास

डॉ. G.P. गुप्ता ने बताया कि अस्पतालों में मरीजों को बेहतर इलाज, दवाएं, जांचे आदि होती रहें, इसके लिए मैं प्रयास करता रहूंगा। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों, कर्मचारियों से भी जुड़ी समस्याओं के निदान कराने की कोशिश करूंगा।
गौरतलब है कि आर्थोपेडिक सर्जन डॉ. G.P. गुप्ता ने लखनऊ स्थित डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी (सिविल) अस्पताल, बलरामपुर अस्पताल और लोकबंधु अस्पताल में भी काफी सालों तक मरीजों को अपनी बेहतर सेवाएं दीं। यहां तक कि गरीब से लेकर जरूरतमंद मरीज तक को निःशुल्क इलाज उपलब्ध कराया।
कोरोना काल में बेहतर प्रबंधन को लेकर शासन स्तर तक बनी पहचान

COVID-19 के समय भी उन्होंने बलरामपुर अस्पताल में बेहतर प्रबंधन का कार्य किया था, उस वक्त शासन से लेकर अफसरों, आम मरीजों का अस्पताल पर काफी दबाव रहा। अधिकत्तर डॉक्टर, कर्मचारी क्वॉरंटीन रहे। उस समय डॉ. G.P. गुप्ता के कार्यो की की शासन स्तर तक तारीफ हुई। इसी को देखते हुए शासन ने उन्हें बलरामपुर अस्पताल में मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (CMS) पद की जिम्मेदारी सौंपी थी, उसके बाद आशियाना स्थित लोकबंधु अस्पताल में मुख्य परामर्श के पद पर तैनात रहे। इसके बाद सिविल अस्पताल में भी कार्यवाहक निदेशक पद पर जिम्मेदारी मिली थी। अब उनके ग्रेड को बदलते हुए पूर्णरूप से निदेशक पद पर पदोन्नति दी गई है। उम्मीद है कि जल्दी ही तैनाती भी मिल जाएगी।
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